mots par minute

25

SHRAVAN_KUMAR_YADAV


00:00

Vitesse

ैलाश अपने गाँव का मेहनती, ईमानदार और ज्ञानी व्यक्ति था। हर सुबह वह सूर्योदय से पहले खेत में हल चलाने जाता था। उसकी गाय, भैंस से दूध, दही और घी बनता था। एक दिन तेज़ वर्षा और आँधी आई, बिजली चमकी, पर कैलाश ने हिम्मत नहीं हारी! उसने झोपड़ी की मरम्मत की, बैलों को चारा दिया और खेत की मेड़ मजबूत की। त्रिवेणी नदी के किनारे उसका खेत था जहाँ मिट्टी उपजाऊ थी। अगले दिन उसने बीज बोए और भगवान से प्रार्थना की हे प्रभुः अच्छी फसल देना। कुछ सप्ताह बाद खेत में हरियाली छा गई, पक्षी चह-चहाने लगे और बच्चों की हंसी गूँज उठी। डाकिया खुशखबरी लाया कि कैलाश को मेहनती किसान का पुरस्कार मिला है। गाँव के लोग बोले “कृषक कैलाश ने सच्ची लगन और श्रद्धा का उदाहरण दिया।” कैलाश मुस्कुराया और बोला मेहनत का फल मीठा होता है। ‘ड्रीम कम्प्यूटर सेंटर’ द्वारा बनायी गई यह कहानी आपको कैसी लगी?
mots par minute
0
wpm
précision
0%
Entrainement textuel - Temps 260 - English

mots par minute